You can make video-audio calls with WhatsApp even without network | वॉट्सएप से नेटवर्क बिना भी कर सकेंगे ऑडियो-वीडियो कॉलिंग: गूगल पिक्सल 10 सीरीज सेटेलाइट कॉलिंग फीचर वाले दुनिया के पहले मोबाइल


नई दिल्ली3 दिन पहले

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इंस्टेंट मैसेजिंग एप वॉट्सएप से अब आप वाई-फाई और नेटवर्क के बिना भी ऑडियो-वीडियो कॉलिंग कर सकेंगे। टेक कंपनी गूगल ने कन्फर्म किया है कि फ्लैगशिप स्मार्टफोन्स की पिक्सल 10 सीरीज में दुनिया के पहले मोबाइल हैं, जिनमें सेटेलाइट कॉलिंग फीचर का सपोर्ट मिलेगा। ये फीचर खास तौर पर उन जगहों के लिए है, जहां मोबाइल नेटवर्क नहीं पहुंचता, जैसे जंगल, पहाड़ या दूरदराज के इलाके।

कंपनी ने हाल ही में नई फ्लैगशिप स्मार्टफोन्स पिक्सल 10, पिक्सल 10 प्रो और पिक्सल 10 प्रो XL लॉन्च किए थे, जिनकी सेल 28 अगस्त से शुरू होगी। गूगल अपने फोन्स पर 7 साल (यानी 2032) तक सपोर्ट देगा। इसमें OS अपडेट, सिक्योरिटी अपडेट, फीचर ड्रॉप और AI इनोवेशन मिलेंगे। पिक्सल सीरीज के फोन कई AI फीचर्स से लैस हैं।

ऑटोमैटिक सैटेलाइट मोड में शिफ्ट हो जाएगा

खास बात ये है कि सेटेलाइट कॉलिंग के लिए आपको इंटरनेट की जरूरत नहीं पड़ेगी। गूगल ने अपने टेन्सर G5 चिपसेट और सैटेलाइट कनेक्टिविटी के साथ मिलकर ये फीचर पेश किया है। गूगल का कहना है कि जब नेटवर्क नहीं होगा, तो फोन ऑटोमैटिकली सैटेलाइट मोड में स्विच हो जाएगा।

आपको बस सेटिंग्स में वॉट्सएप कॉलिंग ऑप्शन सिलेक्ट करना होगा। हालांकि, गूगल ने साफ किया है कि ये सर्विस सिर्फ चुनिंदा कैरियर्स के साथ काम करेगी और इसके लिए एक्स्ट्रा चार्ज लग सकता है। अभी ये साफ नहीं है कि सैटेलाइट से टेक्स्ट मैसेज भी सपोर्ट होगा या नहीं।

सेटेलाइट कॉलिंग फीचर की 3 चुनौतियां

  • अभी ये साफ नहीं है कि सैटेलाइट कॉलिंग हर मौसम और हर जगह काम करेगी, क्योंकि बादल या भारी बारिश सिग्नल को प्रभावित कर सकते हैं।
  • वॉट्सएप ने अभी तक ऑफिशियली कन्फर्म नहीं किया कि ये फीचर कब तक सभी यूजर्स तक पहुंचेगा।
  • मीडिया रिपोर्ट्स में कुछ एक्सपर्ट्स का मानना है कि सिक्योरिटी और प्राइवेसी का भी ध्यान रखना होगा, क्योंकि सैटेलाइट डेटा ट्रांसफर में हैकिंग का खतरा रहता है।

रिमोट एरिया में रहने करने वालों के लिए फायदेमंद ये फीचर खास तौर पर ट्रैवलर्स, एडवेंचर लवर और रिमोट एरिया में रहने करने वालों के लिए फायदेमंद साबित हो सकता है। इमरजेंसी में ये फीचर जान बचा सकता है, अगर कोई दुर्घटना हो जाए और नेटवर्क न हो तो मदद के लिए कॉल कर सकेंगे। लेकिन, कीमत थोड़ी चिंता की बात है, पिक्सल 10 की शुरुआती कीमत 79,999 रुपए, प्रो मॉडल 1.09 लाख और प्रो XL 1.24 लाख रुपए है। ऊपर से सैटेलाइट कॉलिंग का चार्ज जोड़ दें, तो ये आम यूजर्स की पहुंच से थोड़ा दूर हो सकता है।

गूगल पिक्सल 10 सीरीज में AI फीचर्स

  • जेमिनी लाइव: ये एक AI असिस्टेंट है, जो विजुअल गाइडेंस देता है। यानी, आप जो देख रहे हैं, उसे स्क्रीन पर देखकर सलाह दे सकता है। जैसे- आप किसी रेस्तरां के मेन्यू को स्कैन करें, तो जेमिनी लाइव उसमें से बेस्ट डिश सजेस्ट करेगा या कैलोरी की जानकारी दे देगा।
  • वॉइस ट्रांसलेट: ये रियल-टाइम कॉल ट्रांसलेशन का फीचर है। यानी, अगर आप किसी दूसरी भाषा बोलने वाले से बात कर रहे हो, तो ये AI आपकी बात को तुरंत ट्रांसलेट करके दिखाएगा। जैसे- आपके हिंदी बोलने पर सामने वाला अंग्रेजी में सुनेगा और उसके अंग्रेजी में बोलने पर आपको हिंदी में सुनाई देगा। कॉल के दौरान स्क्रीन पर ट्रांसलेटेड टेक्स्ट भी दिखेगा।
  • पिक्सल स्क्रीनशॉट: ये फीचर आपके स्क्रीनशॉट्स को जेमिनी नेनो के जरिए एनालाइज करता है। मतलब, स्क्रीनशॉट में मौजूद टेक्स्ट, इमेज या डिटेल्स को समझकर उसकी जानकारी देता है। जैसे- अगर आपने किसी प्रोडक्ट का स्क्रीनशॉट लिया, तो ये उसकी कीमत, रिव्यूज और खरीदने की जगह बता सकता है।
  • AI अल्ट्रा क्लियरिटी: फोटो और वीडियो की क्वालिटी को AI की मदद से बेहतर करता है। खासकर लो-लाइट या जूम की गई तस्वीरों को साफ और डिटेल्ड बनाता है। जैसे- रात में खींची फोटो को और चमकदार और शार्प कर देगा।
  • AI स्नेप मोड: कैमरे में ये AI-बेस्ड फीचर है, जो ऑटोमैटिकली बेस्ट मोमेंट कैप्चर करता है। जैसे, अगर आप ग्रुप फोटो खींच रहे हो और कोई आंख बंद कर ले, तो ये AI बेस्ट शॉट चुन लेगा।
  • AI एडिट जिनी: ये फोटो और वीडियो एडिटिंग के लिए AI टूल है। ये ऑटोमैटिकली बैकग्राउंड बदल सकता है, ऑब्जेक्ट हटा सकता है, या फोटो को स्टाइलिश बना सकता है। जैसे- आप फोटो में किसी अनचाहे ऑब्जेक्ट को हटाने के लिए कहो, तो AI उसे सेकेंड्स में हटा देगा।
  • AI हाइपर मोशन: गेमिंग और वीडियो के लिए AI फीचर, जो मोशन को स्मूथ करता है। खासकर गेमिंग में 144 FPS तक सपोर्ट देता है। जैसे- BGMI जैसे गेम्स में स्मूथ ग्राफिक्स और तेज रिस्पॉन्स देना।
  • AI स्मार्ट चार्जिंग: ये बैटरी को ऑप्टिमाइज करने वाला फीचर है। ये आपके चार्जिंग पैटर्न को समझकर बैटरी लाइफ बढ़ाता है। जैसे- रात में फोन चार्ज करने पर ये बैटरी को 100% तक धीरे-धीरे चार्ज करता है, ताकि बैटरी खराब न हो।
  • गूगल AI प्रो सूइट: ये एक प्रीमियम AI सब्सक्रिप्शन है, जो पिक्सल 10 प्रो या प्रो फोल्ड खरीदने पर 1 साल फ्री मिलता है। इसमें जेमिनि AI असिस्टेंट, फ्लो, व्हिस्क, नोटबुक LM, जूल्स, 1000 मंथली AI क्रेडिट्स और 2TB क्लाउड स्टोरेज मिलता है।

गूगल पिक्सल 10 सीरीज के स्पेसिफिकेशन्स…

एपल, सैमसंग से काफी पीछे है गूगल

एनालिस्ट फर्म IDC के 2023 के एक डेटा के अनुसार, 2016 में पहला पिक्सल फोन रिलीज होने के बाद से गूगल ने कुल 3.8 करोड़ फोन ही बेचे हैं। जबकि, सैमसंग ने सिर्फ 2023 में 22.66 करोड़ फोन बेचे। एपल ने इस दौरान 23.46 करोड़ फोन सेल किए।

5 पॉइंट जिस कारण पिक्सल ज्यादा सक्सेसफुल नहीं

  • सीमित उपलब्धता: पिक्सल फोन सभी देशों में उपलब्ध नहीं हैं। सर्विस सेंटर की भी परेशानी।
  • फोन की ऊंची कीमत: पिक्सल फोन आम तौर पर अन्य एंड्रॉयड फोन की तुलना में ज्यादा महंगे।
  • मार्केटिंग की कमी: अन्य मैन्युफैक्चरर्स की तरह मार्केटिंग पर उतना पैसा खर्च नहीं करना।
  • आइडेंटिटी क्राइसिस: गूगल के फोन की आईफोन और सैमसंग की तरह मजबूत पहचान नहीं।
  • सॉफ्टवेयर इंटेनसिव अप्रोच: गूगल अपने फोन में एंड्रॉयड का प्योर वर्जन इस्तेमाल करता है।

हालांकि इन चुनौतियों के बावजूद, पिक्सल फोन के लॉयल फैन्स की एक बड़ी संख्या है जो प्योर एंड्रॉयड एक्सपीरियंस देने के लिए कंपनी की सराहना करते हैं। गूगल अब ज्यादा देशों में अपने पिक्सल फोन की उपलब्धता बढ़ा रहा है। इसके अलावा AI से लेकर कैमरे में बड़े बदलाव कर रहा है। इसलिए यह संभव है कि आने वाले सालों में पिक्सल फोन की बिक्री बढ़ जाए।

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