हिमाचल के दो जिलों में आज भी बारिश का यलो अलर्ट
हिमाचल प्रदेश में इस बार मानसून तबाही मचा रहा है। बीती रात को भी कई भागों में भारी बारिश हुई। प्रदेश में इससे जगह जगह लैंडस्लाइड से सड़कें बंद पड़ी है। मंडी, शिमला और कुल्लू जिला में नदी नाले उफान पर है।
.
चंडीगढ़-मनाली फोरलेन, औट-सैंज और शिमला-किन्नौर हाईवे जगह जगह लैंडस्लाइड के कारण बंद पड़ा है। पूरे प्रदेश 353 सड़कें अवरुद्ध है।
मौसम विभाग के अनुसार, आज से मानसून थोड़ा कमजोर पड़ेगा। हालांकि कांगड़ा और चंबा जिले में यलो अलर्ट जरूर दिया गया। मगर अन्य क्षेत्रों में कोई चेतावनी नहीं है। कल और परसों किसी भी जिला में कोई अलर्ट नहीं है। इससे थोड़ी राहत के आसार है।
वेस्टर्न डिस्टरबेंस 21 अगस्त से फिर एक्टिव होगा
21 अगस्त को पांच जिले ऊना, कांगड़ा, मंडी, कुल्लू और शिमला में फिर से बारिश का यलो अलर्ट है। प्रदेश में इस मानसून सीजन में सामान्य से 17 प्रतिशत ज्यादा और अगस्त में नॉर्मल से 35 प्रतिशत अधिक बादल बरस चुके हैं। यह बारिश तबाही की वजह बन रही है।
प्रदेश में मानसून सीजन (20 जून से 17 अगस्त) तक सामान्य से 17 प्रतिशत अधिक बारिश हो चुकी है। इस दौरान 519.5 मिमीमीटर नॉर्मल बारिश होती है, लेकिन इस बार 605.5 मिलीमीटर बादल बरस चुके हैं।

10 जिलों में सामान्य से अधिक बारिश
शिमला जिला में सामान्य की तुलना में 77 प्रतिशत, अधिक, मंडी में 60, बिलासपुर 41, हमीरपुर 37, कांगड़ा 8, किन्नौर 7, कुल्लू 49, सिरमौर, सोलन 34 और ऊना में नॉर्मल से 39 प्रतिशत अधिक बादल बरसे हैं। चंबा जिला में सामान्य से 10 और लाहौल स्पीति में 63 प्रतिशत कम वर्षा हुई है।
अगस्त में सोलन में नॉर्मल से 98% ज्यादा बारिश
अगस्त की बात करें तो सोलन में नॉर्मल की तुलना में 98 प्रतिशत ज्यादा, शिमला में 97 प्रतिशत ज्यादा और कुल्लू में 91 प्रतिशत अधिक बारिश हो चुकी है।